कटनी। बड़वारा पुलिस इन दिनों अवैध रेत परिवहन के खिलाफ कार्रवाई का दावा कर रही है, लेकिन क्षेत्र में पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल भी उठने लगे हैं। आरोप है कि पुलिस जहां ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को पकड़कर कार्रवाई का प्रचार कर रही है, वहीं भारी भरकम हाईवा और डंपर थाने के सामने से ही फर्राटा भरते हुए निकल रहे हैं।
स्थानीय सूत्रों का कहना है कि अवैध खनिज परिवहन का सबसे बड़ा हिस्सा हाईवा और डंपरों के माध्यम से होता है, लेकिन इन वाहनों पर कार्रवाई बेहद कम दिखाई देती है। ऐसे में पुलिस की कार्रवाई केवल छोटे परिवहनकर्ताओं तक सीमित नजर आ रही है।
क्षेत्र में चर्चा है कि यदि पुलिस वास्तव में अवैध खनन और परिवहन पर अंकुश लगाना चाहती है तो उसे बड़े वाहनों पर भी समान रूप से कार्रवाई करनी चाहिए। ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्ती की खबरें लगातार सामने आ रही हैं, लेकिन रात-दिन दौड़ रहे हाईवा और डंपरों पर कार्रवाई का रिकॉर्ड जनता के सामने नहीं है।
लोग सवाल उठा रहे हैं कि क्या पुलिस की नजर केवल ट्रैक्टर-ट्रॉलियों तक ही सीमित है, या फिर भारी वाहनों को किसी विशेष कारण से नजरअंदाज किया जा रहा है? बड़वारा क्षेत्र में अवैध रेत परिवहन को लेकर प्रशासन और पुलिस की निष्पक्षता पर अब चर्चा तेज हो गई है।
पुलिस की ईमानदार कार्यप्रणाली की बात करें तो "छोटी मछलियां जाल में फंस रही हैं, मगर बड़े मगरमच्छ अब भी बेखौफ तैर रहे हैं।"
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| रवि कुमार गुप्ता, संपादक ( जन आवाज ) |



