कटनी। पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा के द्वारा जिले में अवैध शराब के खिलाफ ऑपरेशन शिकंजा चला कार्रवाई के दावे किए जा रहे हैं। लेकिन इसकी जमीनी हकीकत कुछ और ही दास्तां बयान कर रही है। बात यदि जिला मुख्यालय कि करें तो यहां अवैध शराब की नदिया बह रही है?
आपको बता दें कि कोतवाली क्षेत्र में तो ऐसे अनगिनत मोहल्ले हैं जहां घर - घर से अवैध शराब बेची जा रही है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि कोतवाली पुलिस छुट-पुट कार्रवाई कर अपनी सफलता के ढोल पीट खुद ही ताता थैया कर फूली नहीं समा रही? अहम बात ये है कि पुलिस उन्हीं के गिरेबां में हाथ डालने की जुर्रत करती है जो ठेकेदार से कमीशन के एवज में अवैध शराब बेचते हैं, बावजूद ठेकेदार पर कार्रवाई करने से पुलिस ऐसे रास्ता बदल लेती है जैसे बिल्ली के रास्ता काटने पर राहगीर अपना रास्ता बदल लेता है? इतिहास गवाह है कि आज तक शायद ही पुलिस ने किसी भी शराब ठेकेदार पर कार्रवाई का हंटर चलाया हो। जबकि जगह - जगह अवैध पैकारी में बिकने वाली शराब संबंधित शराब ठेकेदार की होती है।
आपको बताते चलें कि पुलिस द्वारा पकड़ी गई शराब पर बैच नंबर होता है जिससे ये पता लगाया जा सकता है कि पकड़ी गई शराब किस दुकान के ठेकेदार की है, बावजूद अवैध शराब बरामद किए जाने वाले कमीशन के चक्कर में पकड़े गए लोगों को पुलिस आरोपी बना ठेकेदार के सामने मुजरा कर अपनी जेबें गर्म कर कार्रवाई को अंजाम देकर वाहवाही लूट देश भक्ति जन सेवा की बांसुरी बजा रही है।
इसी तरह हाल ही में कोतवाली पुलिस ने 300 पाव अवैध शराब के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। लेकिन बड़ा सवाल यह है कि जब अभियान लगातार चल रहा है, तब भी शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में कई जगहों पर अवैध शराब खुलेआम कैसे बिक रही है?
पुलिस के प्रेस नोट से प्राप्त जानकारी के अनुसार, कोतवाली थाना प्रभारी राखी पाण्डेय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने 6 जून 2026 को मुखबिर की सूचना पर आधारकाप स्थित गिरजा घाट के पास छापेमार कार्रवाई की। पुलिस को सूचना मिली थी कि एक युवक झाड़ियों में देशी शराब छिपाकर ग्राहकों का इंतजार कर रहा है। पुलिस के पहुंचते ही युवक भागकर झाड़ियों में छिप गया, लेकिन घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया गया।
पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम अनुज निषाद (20 वर्ष) निवासी आधारकाप, थाना कोतवाली, जिला कटनी बताया। तलाशी के दौरान झाड़ियों में रखे छह कार्टूनों से 180 एमएल की देशी प्लेन मदिरा के कुल 300 पाव यानि 54 लीटर बरामद किए गए। बरामद शराब की अनुमानित कीमत 18 हजार रुपये बताई गई है।
शराब रखने संबंधी कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं करने पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी के विरुद्ध पहले से अवैध शराब और मारपीट से जुड़े पांच प्रकरण दर्ज हैं।पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया है।
थाना प्रभारी राखी पाण्डेय ने प्रेस नोट के माध्यम से बताया कि ऑपरेशन शिकंजा के तहत नशे के कारोबारियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी है। एक दिन पहले ही खिरहनी फाटक क्षेत्र में स्मैक तस्करी के मामले में एक महिला और एक पुरुष को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस का अभियान आगे भी जारी रहेगा।


